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CBSE Sample Papers for Class 10 Hindi Course A Set 4 for Practice

निर्धारित समय : 3 घंटे
अधिकतम अंक : 80

सामान्य निर्देश:
(क) इस प्रश्न-पत्र के दो खंड हैं- ‘अ’ और ‘ब’।
(ख) खंड ‘अ’ में कुल 10 वस्तुपरक प्रश्न पूछे गए हैं। सभी प्रश्नों में उपप्रश्न दिए गए हैं। दिए गए निर्देशों का पालन करते हुए प्रश्नों के उत्तर दीजिए।
(ग) खंड ‘ब’ में कुल 7 वर्णनात्मक प्रश्न पूछे गए हैं। प्रश्नों में आंतरिक विकल्प दिए गए हैं। दिए गए निर्देशों का पालन करते हुए प्रश्नों के उत्तर दीजिए।

खंड ‘अ’- वस्तुपरक प्रश्न ( अंक 40)

अपठित गद्यांश (अंक 5)

प्रश्न 1.
निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों के लिए सही विकल्प चुनकर लिखिए। (1 x 5 = 5)
संघर्ष के मार्ग में अकेले ही चलना पड़ता है। कोई बाहरी शक्ति आपकी सहायता नहीं करती है। परिश्रम, दृढ़ इच्छा शक्ति व लगन आदि मानवीय गुण व्यक्ति को संघर्ष करने और जीवन में सफलता प्राप्त करने का मार्ग प्रशस्त करते हैं। दो महत्वपूर्ण तथ्य स्मरणीय हैं- प्रत्येक समस्या अपने साथ संघर्ष लेकर आती है।

प्रत्येक संघर्ष के गर्भ में विजय निहित रहती है। एक अध्यापक ने अध्ययन छोड़ने वाले अपने छात्रों को यह संदेश दिया था- तुम्हें जीवन में सफल होने वे लिए समस्याओं से संघर्ष करने का अभ्यास करना होगा। हम कोई भी कार्य करें, सर्वोच्च शिखर पर पहुँचने का संकल्प लेकर चलें।

सफलता हमें कभी निराश नहीं करेगी। समस्त ग्रंथों और महापुरुषों के अनुभवों का निष्कर्ष यह है कि संघर्ष से डरना अथवा उससे विमुख होना अहितकर है, मानव धर्म के प्रतिकूल है और अपने विकास को अनावश्यक रूप से बाधित करना है। आप जागिए, उठिए दृढ़-संकल्प और उत्साह एवं साहस के साथ संघर्ष रूपी विजय रथ पर चढ़िए और अपने जीवन के विकास की बाधाओं रूपी शत्रुओं पर विजय प्राप्त कीजिए।

(i) मनुष्य को संघर्ष करने और जीवन में सफलता प्राप्त करने का मार्ग प्रशस्त करते हैं
(क) निर्भीकता, साहस, परिश्रम
(ख) परिश्रम, लगन, आत्मविश्वास
(ग) साहस, दृढ़ इच्छाशक्ति, परिश्रम
(घ) परिश्रम, दृढ़ इच्छाशक्ति व लगन
उत्तर
(घ) परिश्रम, दृढ़ इच्छाशक्ति व लगन

(ii) प्रत्येक समस्या अपने साथ लेकर आती है
(क) संघर्ष
(ख) कठिनाइयाँ
(ग) चुनौतियाँ
(घ) सुखद परिणाम
उत्तर
(क) संघर्ष

(iii) समस्त ग्रंथों और अनुभवों का निष्कर्ष है
(क) संघर्ष से डरना या विमुख होना अहितकर है।
(ख) मानव-धर्म के प्रतिकूल है।
(ग) अपने विकास को बाधित करना है।
(घ) उपर्युक्त सभी
उत्तर
(घ) उपर्युक्त सभी

(iv) ‘मानवीय’ शब्द में मूल शब्द और प्रत्यय है
(क) मानवी + य
(ख) मानव + ईय
(ग) मानव + नीय
(घ) मानव + इय
उत्तर
(ख) मानव + ईय

(v) संघर्ष रूपी विजय रथ पर चढ़ने के लिए आवश्यक है
(क) दृढ़ संकल्प, निडरता और धैर्य
(ख) दृढ़ संकल्प, उत्साह एवं साहस
(ग) दृढ़ संकल्प, आत्मविश्वास और साहस
(घ) दृढ़ संकल्प, उत्तम चरित्र एवं साहस
उत्तर
(ख) दृढ़ संकल्प, उत्साह एवं साहस

अथवा

मानव-जाति को अन्य जीवधारियों से अलग करके महत्व प्रदान करने वाला जो एकमात्र गुरु है, वह है उसकी विचार-शक्ति। मनुष्य के पास बुद्धि है, विवेक है, तर्कशक्ति है अर्थात उसके पास विचारों की अमूल्य पूँजी है। अपने सविचारों की नींव पर ही आज मानव ने अपनी श्रेष्ठता की स्थापना की है और मानव-सभ्यता का विशाल महल खड़ा किया है।

यही कारण है कि विचारशील मनुष्य के पास जब सविचारों का अभाव रहता है तो उसका वह शून्य मानस कुविचारों से ग्रस्त होकर एक प्रकार से शैतान के वशीभूत हो जाता है। मानवीय बुद्धि जब सद्भावों से प्रेरित होकर कल्याणकारी योजनाओं में प्रवृत्त रहती है तो उसकी सदाशयता का कोई अंत नहीं होता, किंतु जब वहाँ कुविचार अपना घर बना लेते हैं तो उसकी पाशविक प्रवृत्तियाँ उस पर हावी हो उठती हैं।

हिंसा और पापाचार का दानवी साम्राज्य इस बात का द्योतक है कि मानव की विचार-शक्ति, जो उसे पशु बनने से रोकती है, उसका साथ देती है।

(i) मानव-जाति को महत्व देने में किसका योगदान है?
(क) शारीरिक शक्ति का
(ख) परिश्रम और उत्साह का
(ग) विवेक और विचारों का
(घ) मानव-सभ्यता का
उत्तर
(ग) विवेक और विचारों का

(ii) विचारों की पूँजी में शामिल नहीं है-
(क) उत्साह
(ख) विवेक
(ग) तर्क
(घ) बुद्धि
उत्तर
(क) उत्साह

(iii) मानव में पाशविक प्रवृत्तियाँ क्यों जागृत होती हैं?
(क) हिंसा-बुद्धि के कारण
(ख) असत्य बोलने के कारण
(ग) कुविचारों के कारण
(घ) स्वार्थ के कारण
उत्तर
(क) हिंसा-बुद्धि के कारण

(iv) ‘मनुष्य के पास बुद्धि है, विवेक है, तर्कशक्ति है।’ रचना की दृष्टि से उपर्युक्त वाक्य है
(क) सरल
(ख) संयुक्त
(ग) मिश्र
(घ) आज्ञावाचक
उत्तर
(क) सरल

(v) गद्यांश का उपयुक्त शीर्षक हो सकता है
(क) मनुष्य का गुरु
(ख) विवेक-शक्ति
(ग) दानवी शक्ति
(घ) पाशविक प्रवृत्ति
उत्तर
(ख) विवेक-शक्ति

अपठित पद्यांश (अंक 5)

प्रश्न  2.
निम्नलिखित पद्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों के लिए सही विकल्प चुनकर लिखिए। (1 x 5 = 5)

दो टूक कलेजे के करता पछताता,
पथ पर आता।
पेट पीठ दोनों मिलकर हैं एक,
चल रहा लकुटिया टेक,
मुट्ठी भर दाने को, भूख मिटाने को
मुँह फटी पुरानी झोली का फैलाता
दो टूक कलेजे के करता पछताता पथ पर आता।

साथ दो बच्चे भी हैं सदा हाथ फैलाए,
बाएँ से वे मलते हुए पेट को चलते,
और दाहिना दया-दृष्टि पाने की ओर बढ़ाए।
भूख से सूख ओठ जब जाते
दाता-भाग्य विधाता से क्या पाते?
घुट आँसूओं के पीकर रह जाते।
चाट रहे जूठी पत्तल कभी सड़क पर खड़े हुए,
और झपट लेने को उनसे कुत्ते भी हैं अड़े हुए!

(i) कविता में किस पर व्यंग्य किया गया है
(क) आर्थिक न्याय पर
(ख) राजनीतिक सत्य पर
(ग) सामाजिक विषमता पर
(घ) मध्यवर्गीय जीवन पर
उत्तर
(ग) सामाजिक विषमता पर

(ii) भिखारी की इच्छा है
(क) सोना पाने की
(ख) पैसा पाने की
(ग) अनाज पाने के लिए
(घ) कपड़ा पाने की
उत्तर
(ग) अनाज पाने के लिए

(iii) बच्चे भिखारी के साथ क्यों हैं?
(क) घूमने के लिए
(ख) भीख माँगने के लिए
(ग) रास्ता ढूँढ़ने के लिए
(घ) पिता के साथ के लिए
उत्तर
(ख) भीख माँगने के लिए

(iv) भिखारी के बच्चों से कुत्ते क्यों होड़ करते हैं?
(क) जूठी पत्तल छीनने के लिए
(ख) चिढ़ाने के लिए
(ग) लड़ने के लिए
(घ) भागने के लिए
उत्तर
(क) जूठी पत्तल छीनने के लिए

(v) इस काव्यांश का शीर्षक होगा
(क) विषमता
(ख) बेबसी
(ग) गरीबी
(घ) भिक्षुक
उत्तर
(ख) बेबसी

अथवा

माटी तुझे प्रणाम।
मेरे पुण्य देश की माटी तू कितनी अभिराम।
तुझे लगा माथे से सारे कष्ट हो गए दूर
क्षण भर में ही भूल गया मैं शत्रु मंत्रणा क्रूर
सुख-स्फूर्ति का इस काया में हुआ पुनःसंचार
लगता जैसे आज युगों के बाद मिला विश्राम।
माटी तुझे प्रणाम।
तुझसे बिछुड़ मिला प्राणों को कभी न पल-भर चैन
तेरे दर्शन हेतु रात-दिन तरस रहे थे नैन

धन्य हुआ तेरे चरणों में आकर यह अस्तित्व
हुई साधना सफल, भगत को प्राप्त हो गए राम।
माटी तुझे प्रणाम।
अमर मृत्तीके लगती तू पारस से बढ़कर आज
कारा-जड़-जीवन सचेत फिर, तुझको छूकर आज
मरणशील हम, किंतु अमर तू है, अमर्त्य यह धाम
हम मर-मरकर अमर करेंगे तेरा उज्ज्व ल नाम।

(i) इस कविता को कवि किस मनोदशा में लिख रहा है?
(क) मातृभूमि से दूर विदेशी भूमि से
(ख) मातृभूमि से दूर विदेशी शत्रुओं के चुंगल में रहकर
(ग) बहुत दिनों बाद विदेशी शत्रुओं के चुंगल से मुक्त होकर
(घ) विदेश यात्रा से अनेक वर्षों बाद लौटकर
उत्तर
(ग) बहुत दिनों बाद विदेशी शत्रुओं के चुंगल से मुक्त होकर

(ii) ‘अभिराम’ का तात्पर्य है
(क) उपजाऊ
(ख) सुंदर
(ग) कष्ट उठा-उठाकर
(घ) बलिदान दे-देकर
उत्तर
(ख) सुंदर

(iii) ‘हम मर-मरकर अमर करेंगे तेरा उज्ज्वल नाम’ में मर-मर का क्या तात्पर्य है?
(क) दुर्बल निर्मल होकर
(ख) परास्त होकर
(ग) कष्ट उठा-उठाकर
(घ) बलिदान दे-देकर
उत्तर
(घ) बलिदान दे-देकर

(iv) कवि ने मिट्टी को पारस के समान क्यों कहा है?
(क) वह बहुत उपजाऊ है
(ख) वह हरी-भरी है
(ग) वह माँ की गोद-सी ममता देने वाली है
(घ) वह फसलों के रूप में सोना उगाती है
उत्तर
(घ) वह फसलों के रूप में सोना उगाती है

(v) कवि माटी के प्रति किस भावना से परिपूर्ण है?
(क) भक्ति भावना से
(ख) कृतज्ञता से
(ग) जन्मजात प्रेम से
(घ) धन्यवाद भाव से
उत्तर
(ख) कृतज्ञता से

व्यावहारिक व्याकरण (अंक 16)

प्रश्न 3.
निम्नलिखित प्रश्नों को पढ़कर किन्हीं चार प्रश्नों के उत्तर विकल्पों में से चुनकर लिखिए। (1 x 4 = 4)
(i) हमारे निकलते ही वर्षा होने लगी वाक्य है
(क) सरल वाक्य
(ख) मिश्र वाक्य
(ग) संयुक्त वाक्य
(घ) इनमें से कोई नहीं
उत्तर
(क) सरल वाक्य

(ii) मुझे विश्वास है कि आप आवश्य आएँगे। रेखांकित उपवाक्य है
(क) संज्ञा उपवाक्य
(ख) सर्वनाम उपवाक्य
(ग) क्रिया उपवाक्य
(घ) विशेषण उपवाक्य
उत्तर
(क) संज्ञा उपवाक्य

(iii) संयुक्त वाक्य है
(क) वहाँ जाकर जल्दी आ जाना।
(ख) वहाँ जाना और जल्दी आ जाना।
(ग) जब जाओगे तब जल्दी आना।
(घ) जाकर जल्दी आओ।
उत्तर
(ख) वहाँ जाना और जल्दी आ जाना।

(iv) मिश्र वाक्य है
(क) यहाँ आएँ और सुनें।
(ख) यहाँ आकर सुनो।
(ग) जब यहाँ आना तब सुनना।
(घ) आओ और सुनो।
उत्तर
(घ) आओ और सुनो।

(v) ‘मैंने एक फूल देखा, जो खिल रहा था।’ वाक्य में प्रधान उपवाक्य है
(क) जो खिल रहा था
(ख) मैंने एक फूल देखा
(ग) फूल जो खिल रहा था।
(घ) एक फूल देखा
उत्तर
(ख) मैंने एक फूल देखा

प्रश्न 4.
निम्नलिखित प्रश्नों को पढ़कर किन्हीं चार प्रश्नों के उत्तर विकल्पों में से चुनकर लिखिए।( 1 x 4 = 4)

(i) इनमें भाववाच्य है
(क) दूधवाले ने दूध दिया।
(ख) चोर पकड़ा गया।
(ग) दादी जी से बोला नहीं जाता।
(घ) फोर्स द्वारा घुसपैठिए पकड़े गए।
उत्तर
(ग) दादी जी से बोला नहीं जाता।

(ii) कर्तृवाक्य है
(क) चिड़िया से उड़ा जाएगा।
(ख) मुझसे यों चुपचाप नहीं बैठा जाता।
(ग) हर्ष इस समय गीत गा रहा है।
(घ) आओ साथ मिलकर खेला जाए।
उत्तर
(ग) हर्ष इस समय गीत गा रहा है।

(iii) आज हमें गणित पढ़ाया गया।वाच्य है
(क) कर्तृवाक्य
(ख) कर्मवाक्य
(ग) भाववाक्य
(घ) इनमें से कोई नहीं
उत्तर
(ख) कर्मवाक्य

(iv) कर्मवाच्य है
(क) मैं कहानी पढ़ता हूँ।
(ख) माली द्वारा फूल तोड़े गए।
(ग) माली फूल तोड़ेगा।
(घ) उससे सोया नहीं जाता।
उत्तर
(ख) माली द्वारा फूल तोड़े गए।

(v) मैंने घोड़ा खरीदा। वाच्य है
(क) कर्तृवाक्य
(ख) कर्मवाक्य
(ग) भाववाक्य
(घ) इनमें से कोई नहीं
उत्तर
(क) कर्तृवाक्य

प्रश्न 5.
निम्नलिखित प्रश्नों को पढ़कर किन्हीं चार प्रश्नों के उत्तर विकल्पों में से चुनकर लिखिए। (1 x 4 =4 )

(i) योगिता मंदिर में गाना गाती है। रेखांकित का पद-परिचय है
(क) व्यक्तिवाचक संज्ञा, स्त्रीलिंग, एकवचन, कर्ता कारक
(ख) जातिवाचक संज्ञा, स्त्रीलिंग, एकवचन, कर्ता कारक
(ग) जातिवाचक संज्ञा, पुल्लिंग, एकवचन, कर्म कारक
(घ) भाववाचक संज्ञा, स्त्रीलिंग, एकवचन, कर्ता कारक
उत्तर
(क) व्यक्तिवाचक संज्ञा, स्त्रीलिंग, एकवचन, कर्ता कारक

(ii) ‘आज तुमने थोड़ा-सा ही दूध क्यों पीया?’ इस वाक्य में थोड़ा-सा’ का पद-परिचय होगा
(क) निश्चित परिमाणवाचक विशेषण, पुल्लिंग, एकवचन, ‘दूध’ विशेष्य का विशेषण
(ख) अनिश्चित परिमाणवाचक विशेषण, स्त्रीलिंग, बहुवचन, दूध’ विशेष्य का विशेषण
(ग) अनिश्चित परिमाणवाचक विशेषण, पुल्लिंग, एकवचन, ‘दूध’ विशेष्य का विशेषण
(घ) इनमें से कोई नहीं
उत्तर
(ग) अनिश्चित परिमाणवाचक विशेषण, पुल्लिंग, एकवचन, ‘दूध’ विशेष्य का विशेषण

(iii) ‘वह कहीं चला गया है।’ वाक्य में ‘कहीं’ का पद-परिचय क्या है?
(क) कालवाचक क्रियाविशेषण, ‘चला गया है’ क्रिया की विशेषता बता रहा है।
(ख) स्थानवाचक क्रियाविशेषण, ‘चला गया है’ क्रिया की विशेषता बता रहा है।
(ग) रीतिवाचक क्रियाविशेषण ‘चला गया है’ क्रिया की विशेषता बता रहा है।
(घ) इनमें से कोई नहीं
उत्तर
(ख) स्थानवाचक क्रियाविशेषण, ‘चला गया है’ क्रिया की विशेषता बता रहा है।

(iv) मल्लिका पत्र लिखवाती है। ‘लिखवाती है’ का पद-परिचय है
(क) अकर्मक क्रिया, एकवचन, स्त्रीलिंग, वर्तमान काल
(ख) सकर्मक क्रिया, एकवचन, स्त्रीलिंग, भूतकाल
(ग) प्रेरणार्थक क्रिया, एकवचन, स्त्रीलिंग, वर्तमान काल
(घ) एककर्मक क्रिया, संयुक्त क्रिया, एकवचन, वर्तमान काल
उत्तर
(ग) प्रेरणार्थक क्रिया, एकवचन, स्त्रीलिंग, वर्तमान काल

(v) प्रांजल दो किलो आम लाया।’ यहाँ ‘दो किलो’ का पद-परिचय है
(क) संख्यावाचक विशेषण, एकवचन, पुल्लिंग, आम विशेष्य
(ख) परिमाणवाचक विशेषण, एकवचन, पुल्लिंग, आम विशेष्य
(ग) गुणवाचक विशेषण, एकवचन, पुल्लिंग, आम विशेष्य
(घ) परिमाणवाचक विशेषण, बहुवचन, स्त्रीलिंग, आम विशेष्य
उत्तर
(ख) परिमाणवाचक विशेषण, एकवचन, पुल्लिंग, आम विशेष्य

प्रश्न 6.
निम्नलिखित प्रश्नों को पढ़कर किन्हीं चार प्रश्नों के उत्तर विकल्पों में से चुनकर लिखिए। (1 x 4 = 4)

(i) बिकल सब रोवहिं रानी, रूपु सिलु बलु तेजु बखानी, करही विलाप अनेक प्रकारा, परिहीं भूमि ताल बारहिं बारा। इन पंक्तियों में कौन सा रस है?
(क) वीर रस
(ख) रौद्र रस
(ग) अद्भुत रस
(घ) करुण रस
उत्तर
(घ) करुण रस

(ii) उस काल मारे क्रोध के, तन काँपने उसका लगा। मानो हवा के ज़ोर से, सोता हुआ सागर जगा।। इन पंक्तियों में किस रस का स्थायी भाव है?
(क) हास
(ख) उत्साह
(ग) शोक
(घ) रौद्र
उत्तर
(घ) रौद्र

(iii) चींटी चढ़ी पहाड़ पे मरने के वास्ते, नीचे खड़े कपिल देव कैच लेने के वास्ते। इन पंक्तियों में कौन-सा रस है?
(क) करुण
(ख) हास्य
(ग) वीर
(घ) वात्सल्य
उत्तर
(ख) हास्य

(iv) शोक किस रस का स्थायी भाव है?
(क) वीभत्स
(ख) करुण
(ग) हास्य
(घ) वीर
उत्तर
(ख) करुण

(v) शृंगार रस का उदाहरण है
(क) जथा पंख बिनु खग अति दीना। मनि बिनु फन करिबर कर हीना।।
अस मम जीवन बंधु बिन तोही। जौ जड दैव जियावह मोही।।

(ख) कहत नटत रीझत खिझत, मिलत खिलत लजियात,
भरे भौन में करत है, नैननु ही सौ बात

(ग) कनक भूधराकार सरीरा, समर भयंकर अतिबल बीरा।

(घ) मैया मोरी दाऊ बहुत खिजायो।
मोसों कहत मोल की लीन्हो तू जसुमति कब जायो।
उत्तर
(ख) कहत नटत रीझत खिझत, मिलत खिलत लजियात,
भरे भौन में करत है, नैननु ही सौ बात

पाठ्यपुस्तक (अंक 14)

प्रश्न 7.
निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों के उत्तर विकल्पों में से चुनकर लिखिए। (1 x 5 = 5)
इन सबके ऊपर, मैं तो मुग्ध था उनके मधुर गान पर – जो सदा सर्वदा ही सुनने को मिलते। कबीर के सीधे-सादे पद, जो उनके कंठ से निकलकर सजीव हो उठते। आषाढ़ की रिमझिम है। समूचा गाँव खेतों में उतर पड़ा है। कहीं हल चल रहे हैं; कहीं रोपनी हो रही है। धान के पानी-भरे खेतों में बच्चे उछल रहे हैं। औरतें कलेवा लेकर मेड़ पर बैठी हैं। आसमान बादल से घिरा; धूप का नाम नहीं। ठंडी पुरवाई चल रही।

ऐसे ही समय आपके कानों में एक स्वर-तरंग झंकार-सी कर उठी। यह क्या है – यह कौन है। यह पूछना न पड़ेगा। बालगोबिन भगत समूचा शरीर कीचड़ में लिथड़े, अपने खेत में रोपनी कर रहे हैं। उनकी अंगुली एक-एक धान के पौधे को पंक्तिबद्ध, खेत में बिठा रही हैं।

उनका कंठ एक-एक शब्द को संगीत के जीने पर चढ़ाकर कुछ को ऊपर, स्वर्ग की ओर भेज रहा है और कुछ को इस पृथ्वी की मिट्टी पर खड़े लोगों के कानों की ओर! बच्चे खेलते हुए झूम उठते हैं; मेड़ पर खड़ी औरतों के होंठ काँप उठते हैं, वे गुनगुनाते लगती हैं; हलवाहों के पैर ताल से उठने लगते हैं, रोपनी करनेवालों की अंगुलियाँ एक अजीब क्रम से चलने लगती हैं! बालगोबिन भगत का यह संगीत है या जादू!

(i) लेखक भगत के किस गुण पर मुग्ध था?
(क) मधुर गान पर
(ख) उनके भोलेपन पर
(ग) सरल हृदय पर
(घ) इनमें से कोई नहीं
उत्तर
(क) मधुर गान पर

(ii) खेतों में बच्चे क्या कर रहे थे?
(क) बच्चे उछल रहे थे ।
(ख) गा और नाच रहे थे
(ग) खेत में धान रोप रहे थे
(घ) इनमें से कोई नहीं
उत्तर
(क) बच्चे उछल रहे थे ।

(iii) बालगोबिन भगत के गीतों का लोगों पर क्या प्रभाव पड़ता है?
(क) बच्चे खेलते हुए झूम उठते हैं
(ख) मेड़ पर खड़ी औरतों के होंठ काँप उठते हैं
(ग) हलवाहों के पैर ताल से उठने लगते हैं
(घ) उपर्युक्त सभी
उत्तर
(घ) उपर्युक्त सभी

(iv) आषाढ़ में खेतों में क्या चल रहा था?
(क) आसमान में बादल घिर आए
(ख) धूप नहीं दिख रही
(ग) दोनों सही
(घ) दोनों गलत
उत्तर
(ग) दोनों सही

(v) हिंदी के किस महीने के नाम का उल्लेख उपर्युक्त गद्यांश में किया गया है?
(क) सावन
(ख) जेठ
(ग) आषाढ़
(घ) फागुन
उत्तर
(क) सावन

प्रश्न 8.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर विकल्पों में से चुनकर लिखिए। (1 x 2 = 2 )

(i) लेखक सेकंड क्लास डिब्बे में क्यों बैठा?
(क) वह एकांत में कहानी लिखना चाहता था।
(ख) वह सेकंड क्लास का आनंद लेना चाहता था
(ग) वह नवाबी अंदाज़ दिखाना चाहता था।
(घ) उपर्युक्त में से कोई नहीं
उत्तर
(क) वह एकांत में कहानी लिखना चाहता था।

(ii) बालगोबिन भगत किसके पद गाया करते थे?
(क) रहीम के
(ख) सूरदास के
(ग) कबीर के
(घ) तुलसीदास के
उत्तर
(ग) कबीर के

प्रश्न 9.
निम्नलिखित पद्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों के उत्तर विकल्पों में से चुनकर लिखिए। (1 x 5 = 5)
कितना प्रामाणिक था उसका दुख ।
लड़की को दान में देते वक्त
जैसे वही उसकी अंतिम पूँजी हो ।
लड़की अभी सयानी नहीं थी।
अभी इतनी भोली सरल थी

कि उसे सुख का आभास तो होता था
लेकिन दुख बाँचना नहीं आता था
पाठिका थी वह धुंधले प्रकाश की
कुछ तुकों और कुछ लयबद्ध पंक्तियों की

(i) काव्यांश में किसके दुख को प्रामाणिक बताया गया है?
(क) बेटी के
(ख) माँ के
(ग) दोनों सही
(घ) दोनों गलत
उत्तर
(क) बेटी के

(ii) माँ को अपनी बेटी अंतिम पूँजी क्यों लग रही थी?
(क) वह उसको छोड़कर जा रही थी
(ख) उसकी सुख-दुख की साथी थी
(ग) उपर्युक्त दोनों कथन सत्य
(घ) माँ-बेटी का रिश्ता अटूट था ।
उत्तर
(ग) उपर्युक्त दोनों कथन सत्य

(iii) लड़की को अभी दुनियादारी की समझ नहीं है।’ यह भाव किस पंक्ति में व्यक्त होता है?
(क) वही उसकी अंतिम पूँजी थी
(ख) लड़की अभी सयानी नहीं थी
(ग) इतनी भोती सरल थी।
(घ) दुख बाँचना नहीं आता था
उत्तर
(ख) लड़की अभी सयानी नहीं थी

(iv) उपर्युक्त काव्यांश में किस रस की अनुभूति होती है?
(क) करुण रस
(ख) शांत रस
(ग) अद्भुत रस
(घ) वीर रस
उत्तर
(ख) शांत रस

(v) ‘पाठिका थी वह धुंधले प्रकाश की’ का भाव है
(क) वह बहुत सीधी थी।
(ख) उसे जीवन का कोई अनुभव नहीं था
(ग) उसका कभी दुख से सामना नहीं हुआ था
(घ) सभी कथन सही
उत्तर
(घ) सभी कथन सही

प्रश्न 10.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर विकल्पों में से चुनकर लिखिए।। (1 × 2 = 2)
(i) भ्रमरगीत में किसके माध्यम से उद्धव पर व्यंग्य किया गया है?
(क) पक्षियों के माध्यम से
(ख) भ्रमर अर्थात भँवरा के माध्यम से
(ग) बादलों के माध्यम से
(घ) इनमें से कोई नहीं
उत्तर
(ख) भ्रमर अर्थात भँवरा के माध्यम से

(ii) कविता में निराला जी किसके माध्यम से उत्साह लाना चाहते हैं?
(क) नदी के माध्यम से
(ख) हवा के माध्यम से
(ग) बादल के माध्यम से
(घ) उपर्युक्त में से कोई नहीं
उत्तर
(ग) बादल के माध्यम से

खंड ‘ब’- वर्णनात्मक प्रश्न (अंक 40)

पाठ्यपुस्तक एवं पूरक पाठ्यपुस्तक (अंक 20)

प्रश्न 11.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लगभग 25-30 शब्दों में लिखिए। (2 x 4 = 8)
(क) बालगोबिन भगत की दिनचर्या लोगों के अचरज का कारण क्यों थी?
(ख) ‘नम आँखों को गिनना स्याही फैलाना है’ आशय स्पष्ट कीजिए।
(ग) ‘लखनवी अंदाज़’ पाठ में निहित व्यंग्य को स्पष्ट कीजिए।
(घ) पान वाले का रेखाचित्र प्रस्तुत कीजिए।

प्रश्न 12.
निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर लगभग 25-30 शब्दों में लिखिए। (2 x 3 = 6)
(क) गोपियों ने उद्धव से योग की शिक्षा कैसे लोगों को देने की बात कही?
(ख) ‘कन्यादान’ कविता में माँ ने बेटी को क्या-क्या सीख दी?
(ग) परशुराम के क्रोध का क्या कारण था?

प्रश्न 13.
निम्नलिखित प्रश्नों में से किन्हीं दो प्रश्नों के उत्तर लगभग 40-50 शब्दों में लिखिए। (3 x 2 = 6)
(क) ‘माता का अँचल’ पाठ में माता-पिता का बच्चों के प्रति जो वात्सल्य व्यक्त हुआ है, उसे अपने शब्दों में लिखिए।
(ख) झिलमिलाते सितारों की रोशनी में नहाया गंतोक लेखिका को किस प्रकार सम्मोहित कर रहा था?
(ग) ‘नई दिल्ली में सब था… सिर्फ नाक नहीं थी।’ इस कथन के माध्यम से लेखक क्या कहना चाहता है?

लेखन (अंक 20)

प्रश्न 14.
निम्नलिखित विषयों में से किसी एक विषय पर दिए गए संकेत-बिंदुओं के आधार पर लगभग 80 से 100 शब्दों में अनुच्छेद लिखिए। (5 x 1 = 5)
(क) कंप्यूटर- आज की आवश्यकता
संकेत-बिंदु-

  • कंप्यूटर एक विचित्र उपकरण
  • बढ़ता उपयोग
  • इंटरनेट और कंप्यूटर
  • प्रयोग की सावधानियाँ।

(ख) विज्ञापनों का प्रभाव
संकेत-बिंदु-

  • विज्ञापन का अर्थ
  • विज्ञापनों का बोलबाला
  • विज्ञापन के लाभ
  • हानियाँ
  • विज्ञापनों का

हमारी जेब पर प्रभाव।

(ग) आतंकवाद- एक विश्वव्यापी समस्या
संकेत-बिंदु-

  • आतंकवाद का अर्थ
  • वैश्विक समस्या
  • आतंकवाद का उद्देश्य
  • रूप
  • उदाहरण
  • निष्कर्ष।

प्रश्न 15.
अपने क्षेत्र में पेड़-पौधों की अनियंत्रित कटाई को रोकने के लिए जिलाधिकारी को लगभग 80-100 शब्दों में एक पत्र लिखिए। (5 x 1=5)
अथवा
वाद-विवाद प्रतियोगिता में प्रथम आने पर मित्र को 80-100 शब्दों में बधाई पत्र लिखिए।

प्रश्न 16.
सम्राट पेन की बिक्री बढ़ाने के लिए प्रचार हेतु लगभग 25-50 शब्दों में एक विज्ञापन तैयार कीजिए। (5 x 1 = 5)
अथवा
आपके मोहल्ले में एक नया पब्लिक स्कूल खुला है। उसके लिए 20-25 शब्दों में एक विज्ञापन तैयार कीजिए।

प्रश्न 17.
कोरोना वैश्विक महामारी से बचाव हेतु मित्र को संदेश 30-40 शब्दों में लिखिए। (5 x 1 = 5)
अथवा
मुख्यमंत्री की ओर से गणतंत्र दिवस पर शुभकामना संदेश 30-40 शब्दों में लिखिए।